राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) द्वारा यहां राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) कार्यालय के सामने मेला राम रोड पर स्थित एक होम्योपैथिक क्लिनिक पर हुए पेट्रोल बम हमले की जांच शुरू करने के एक दिन बाद बठिंडा पुलिस ने गुरुवार को दो लोगों की गिरफ्तारी के साथ मामले को सुलझा लेने का दावा किया।
उन्होंने कहा, ‘हमले में तीन लोग शामिल थे। उनमें से दो को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि एक फरार है और उसे पकड़ने के प्रयास जारी हैं।
गौरतलब है कि एनआईए की एक टीम ने बुधवार को क्लिनिक का दौरा किया और इसके मालिक डॉ. तरसेम गर्ग से जानकारी मांगी।
गर्ग सिविल डिफेंस कॉर्प्स, बठिंडा के मुख्य वार्डन और आम आदमी पार्टी (आप) के पूर्व नेता हैं। उन्होंने पंजाब राज्य व्यापारी आयोग के राज्य सचिव के रूप में भी कार्य किया।
हाल ही में हुए नगर परिषद चुनाव में भाजपा उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ने वाली उनकी पत्नी डॉ. रजनी जिंदल ने दावा किया कि विस्फोट के करीब दो घंटे बाद उन्हें एक विदेशी नंबर से व्हाट्सएप कॉल आया था।
फोन करने वाले ने कथित तौर पर अपना परिचय पाकिस्तान स्थित आतंकवादी शहजाद भट्टी के रूप में दिया। रजनी ने कहा, ‘फोन करने वाले ने बाद में अपने नाम और ‘हाय’ के साथ दो मैसेज भी भेजे थे।
यह घटना सोमवार रात की है, जब मुख्यमंत्री भगवंत मान घटनास्थल से एक किलोमीटर से भी कम दूरी पर शहर में रात भर रुके हुए थे।
सीसीटीवी फुटेज के अनुसार, दो अज्ञात व्यक्ति क्लिनिक में पहुंचे और उनमें से एक ने अपना चेहरा ढके हुए बाहरी आंगन में पेट्रोल बम फेंक दिया। हमले में एक स्कूटी और कुछ पौधों को नुकसान पहुंचा और एक खिड़की पर जलने के निशान छोड़ गए। कोई घायल नहीं हुआ।
गर्ग ने कहा कि क्लिनिक में मौजूद दो कर्मचारियों ने उन्हें विस्फोट के बारे में सूचित किया और आग बुझा दी। बाद में पुलिस और फोरेंसिक टीमों ने घटनास्थल का दौरा किया और सबूत एकत्र किए।

